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गुरुवार, 15 जनवरी 2009
दिल कि बात
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दोस्तों, मुझे उम्मीद नही थी कि दिल की बात टाइटल ही आप सबको इतना पसंद आएगा और आप जानना चाहेंगे दिल की बात ,क्यूंकि बात तो अधूरी ही थी न इसलि...
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ज़िन्दगी का हिसाब
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आज बहुत दिनों बाद ख़ुद से रु-बी-रु हुयी पूछा, क्या दिया ज़िन्दगी ने आज तलक हिसाब लगाने बैठी तो पाया कि जमा तो कुछ किया ही नही सब कुछ खोकर भी...
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शुक्रवार, 23 मई 2008
दिल की बात
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खामोशियाँ
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बुधवार, 21 मई 2008
khamoshiyan
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खामोशियों की जुबान नही होती,sirf dard और tanhaiyan ही साथी होते हैं , खामोशियों के dard को कोई समझ सके,ऐसा कोई dil नज़र नही आता , खामोशियों ...
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रविवार, 18 मई 2008
मासूम dil
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dil kitna मासूम होता है ,जो भी इबारत पढता है ,likh लेता है, मासूम को पता ही नही होता ,क्या likhna चाहिए और क्या नही , jise अपना बना लेता है ...
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मेरे पल
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हर पल कुछ ख्वाब सजाते हैं हम और फिर उन्हें टूटते हुए देखते हैं , क्या ज़िंदगी बस ख्वाब सजाने और टूटने तक ही सिमट कर रह गई है क्या हम कुछ और न...
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रविवार, 6 अप्रैल 2008
न जाने कहाँ खो गए हम
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न जाने कहाँ खो गए हम बहुत ढूँढा पर कहीं न मिले हम न जाने कौन से मुकाम पर है ज़िंदगी हर मोड़ पर एक इम्तिहान होता है चा...
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शनिवार, 18 अगस्त 2007
रिश्ते
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मौसम की तरह रंग बदलते यह बेलिबास रिश्ते, वक़्त की आँधियों में ना जाने कहॉ खो जाते हैं, हम रिश्तों की चादर ओढ़े हुये ऐ...
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रिश्ते
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रविवार, 5 अगस्त 2007
कुछ तो है
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कुछ तो है जो दिल को सुकून नहीं मिलता कहीँ चैन कहीँ आराम नहीं मिलता ना जाने यह दिल क्या चाहता है हर वक़्त कहीँ खोया रहता है इसको ढूँढा बहुत म...
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बुधवार, 4 जुलाई 2007
ख्वाब
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मैंने एक ख्वाब देखा है ,चाहतों का बाज़ार देखा है, यह कौन सी मंज़िल है,जो मिल कर भी नहीं मिलती , हर तरफ एक खामोशी सी छाई है , दर्द है तनहाई ह...
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दिल चाहता है
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दिल चाहता है आसमान में ऊड़ना, पंछियों कि तरह उन्मुक्त ऊड़ना , बादलों की तरह हवा में तैरन...
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शनिवार, 30 जून 2007
कैसे कहूं
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दिल की बात कैसे कहूं ,किससे कहूं ,यहाँ कौन है सुनने वाला, इक छोटी सी आरजू है ,इक छोटी सी तमन्ना है , बरसों से दबी ख्वाहिश है , कोई हो इक ...
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शुक्रवार, 29 जून 2007
वक़्त और जिन्दगी
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वक़्त ने कब जिन्दगी का साथ दिया हमेशा आगे ही चलता जाता है और जिन्दगी वक़्त की परछाईं सी नज़र आती है। वक़्त बहुत बेरहम है , अपनी परछाईं का ...
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